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Hanuman Aarti - Mehandipur Balaji Aarti - हनुमान आरती

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The lord of power and bravery called Hanuman and Balaji. Hanuman is a manifestation of Lord Shiva, who helped the God Rama in the war to Demon Ravan. He considers immortal according to Ramayana. He is known as monkey God and the great devotee of Rama. Hanuman Chalisa and Hanuman Aarti are great prayers for him. His temples name are kept according to his avatar or the city name. Mehandipur Balaji Temple is located at Dousa district in Rajasthan state which is a very famous Tantrik temple of Lord Hanuman, where people come to get rid of supernatural things. On Tuesday, many devotees keep fast to appease the Lord Hanuman.

"Aarti Keeje Hanuman Lla Ki" is famous aarti song of him. Another great aarthi of Mehandipur Balaji is "Jai Hanumant Veera".

Hanuman Aarti - Hanuman Aratrika - Mehandipur Balaji Aarti - Balaji Aarti Song

Hanuman Aarati

Hanuman Aarti - हनुमान आरती

आरती कीजै हनुमान लला की, दुष्ट दलन रघुनाथ कला की ।
जाके बल से गिरिवर कांपे, रोग दोष जाके निकट न झांके ।
अंजनि पुत्र महा बलदाई, सन्तन के प्रभु सदा सहाई ।
दे बीरा रघुनाथ पठाए, लंका जारि सिया सुधि लाए ।
लंका सो कोट समुद्र-सी खाई, जात पवनसुत बार न लाई ।
लंका जारि असुर संहारे, सियारामजी के काज सवारे ।
लक्ष्मण मूर्छित पड़े सकारे, आनि संजीवन प्राण उबारे ।
पैठि पाताल तोरि जम-कारे, अहिरावण की भुजा उखारे ।
बाएं भुजा असुरदल मारे, दाहिने भुजा संतजन तारे ।
सुर नर मुनि आरती उतारें, जय जय जय हनुमान उचारें ।
कंचन थार कपूर लौ छाई, आरती करत अंजना माई ।
जो हनुमानजी की आरती गावे, बसि बैकुण्ठ परम पद पावे ।



Mehandipur Balaji Aarati

Mehandipur Balaji Aarti - मेहंदीपुर बालाजी आरती

जय हनुमत वीरा, स्वामी जय हनुमत वीरा,
संकट मोचन स्वामी, तुम हो रणधीरा । जय हनुमत..
पवन-पुत्र अंजनी-सुत, महिमा अति भारी,
दुःख दारिद्रय मिटाओ, संकट भय हारी | जय हनुमत..
बाल समय में तुमने, रवि को भक्ष लियो,
देवन स्तुति कीन्हीं, तुरतहिं छोड़ दियो । जय हनुमत..
कपि सुग्रीव राम संग, मैत्री करवाई,
अभिमानी बलि मेट्यो, कीर्ति रही छाई । जय हनुमत..
जारि लंक सिय-सुधि ले आए, वानर हर्षाए,
कारज कठिन सुधारे, रघुबर मन भाए । जय हनुमत..
शक्ति लगी लक्ष्मण को, भारी सोच भयो,
लाय संजीवन बूटी, दुःख सब दूर कियो । जय हनुमत..
रामहिं ले अहिरावण, जब पाताल गयो,
ताही मारि प्रभु लाये, जय जयकार भयो । जय हनुमत..
राजत मेहंदीपुर में, दर्शन सुखकारी,
मंगल और शनिश्चर, मेला है जारी । जय हनुमत..
श्री बालाजी की आरति, जो कोइ नर गावे,
कहत इंद्र हर्षित मन, वांछित फल पावे । जय हनुमत..




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